सोशल मीडिया मुहिम के बाद आंदोलन में जुटे ग्रामीण और क्रिएटर्स, विधायक के आश्वासन के बाद लिया गया स्थगन का निर्णय,
मुलताई। ग्राम पोहर की जर्जर सड़क के निर्माण की मांग को लेकर पिछले एक माह से अधिक समय से सोशल मीडिया पर चल रही मुहिम रविवार को आंदोलन में बदल गई। बड़ी संख्या में ग्रामीणों और सोशल मीडिया क्रिएटर्स की मौजूदगी में आंदोलन की शुरुआत राष्ट्रगान के साथ हुई। इस दौरान मंच से ग्रामीणों और क्रिएटर्स ने सड़क की बदहाल स्थिति और क्षेत्रवासियों को हो रही परेशानियों को लेकर अपनी बात रखी।आंदोलन में ‘ओये इंदौरी’ पेज के क्रिएटर रोबिन जिंदल, नीलेश सरले, नितिन नरवरे, अमन उइके, करण चढ़ोकर, समर हारले सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रीय सोशल मीडिया क्रिएटर्स और ग्रामीण शामिल हुए। आंदोलन के दौरान पोहर सड़क के निर्माण की मांग को प्रमुखता से उठाया गया।
विधायक के वीडियो के बाद तीन माह के लिए आंदोलन स्थगित
आंदोलन शुरू होने के कुछ ही घंटों बाद इसे आगामी तीन माह के लिए स्थगित करने का निर्णय लिया गया। बताया गया कि मुलताई विधायक चंद्रशेखर देशमुख द्वारा शनिवार रात सोशल मीडिया पर जारी वीडियो में सड़क निर्माण की योजना और आगामी तीन माह में काम शुरू होने का आश्वासन दिया गया था। इसी आश्वासन के बाद आंदोलनकारियों ने फिलहाल तीन माह तक इंतजार करने का निर्णय लिया है। अब आंदोलन से जुड़े क्रिएटर्स और ग्रामीणों की नजर सड़क निर्माण कार्य शुरू होने पर रहेगी।

“तीन माह में काम शुरू नहीं हुआ तो जिला मुख्यालय पर आंदोलन”
क्रिएटर करण चढ़ोकर ने आंदोलन को सोशल मीडिया क्रिएटर्स और ग्रामीणों की एकजुटता का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि आंदोलन के दबाव के बाद विधायक की ओर से सड़क निर्माण की योजना को लेकर वीडियो जारी किया गया।

उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि तीन माह के भीतर सड़क निर्माण का काम शुरू नहीं होता है, तो जिला मुख्यालय पर करीब 50 गांवों की विभिन्न समस्याओं को लेकर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। फिलहाल आंदोलन तीन माह के लिए स्थगित है। अब ग्रामीणों और क्रिएटर्स की नजर इस बात पर है कि सड़क निर्माण का वादा तय समयसीमा में धरातल पर कब उतरता है।
————————————————————————————————

