मठ-मंदिरों और पवित्र कुंडों की स्वच्छता पर फोकस, दोषी कर्मचारियों पर कार्रवाई की चेतावनी,
मुलताई। नगर में जल स्रोतों के संरक्षण और स्वच्छता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘जल गंगा संवर्धन अभियान’ की शुरुआत सोमवार को प्राचीन ताप्ती मंदिर परिसर स्थित प्रसिद्ध सूर्यकुंड की सफाई के साथ की गई। अभियान के तहत अगले चरण में पाप कुंड सहित अन्य पवित्र कुंडों की भी साफ-सफाई की जाएगी।

फिलहाल कुंडों का दूषित पानी बाहर निकालकर उनमें जमी गंदगी हटाने का कार्य तेज़ी से किया जा रहा है। इस दौरान नगर पालिका अध्यक्ष नीतू प्रहलाद परमार ने कुंडों की बदहाल स्थिति पर कड़ी नाराजगी जताई और संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों को फटकार लगाई। कुंडों की स्थिति पर जताई नाराजगी– निरीक्षण के दौरान सूर्यकुंड का पानी अत्यधिक गंदा पाया गया, वहीं आसपास कचरे के ढेर लगे हुए थे। यह स्थिति देखकर जनप्रतिनिधियों ने गहरी नाराजगी व्यक्त की।
नपा अध्यक्ष नीतू परमार ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि मुलताई एक पवित्र नगरी है, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। ऐसे में कुंडों और मंदिरों में गंदगी होना बेहद चिंताजनक है। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि स्वच्छता व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अब स्वयं करेंगी निगरानी–
नपा अध्यक्ष ने कहा कि अब वे स्वयं अभियान की नियमित मॉनिटरिंग करेंगी, ताकि शहर के सभी मठ-मंदिरों और कुंडों में स्वच्छता सुनिश्चित की जा सके। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में शुरू हुआ अभियान
सोमवार शाम करीब 6 बजे नपा अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, पार्षदगण और नगर पालिका की टीम ताप्ती तट स्थित सूर्यकुंड पहुंची और सफाई अभियान का विधिवत शुभारंभ किया।
इस दौरान नपा उपाध्यक्ष शिवकुमार माहोरे, नगर कांग्रेस अध्यक्ष सुमित शिवहरे, प्रहलाद परमार, नितेश साहू, मोहम्मद जाकिर सहित अन्य जनप्रतिनिधि, सीएमओ वीरेंद्र तिवारी, उप यंत्री महेश शर्मा और नगर पालिका कर्मचारी उपस्थित रहे।

पवित्र कुंडों के संरक्षण पर उठे सवाल
मुलताई अपनी धार्मिक पहचान और पवित्र कुंडों, मठ-मंदिरों के लिए प्रसिद्ध है, लेकिन इन कुंडों के संरक्षण और नियमित देखरेख की दिशा में अब तक अपेक्षित प्रयास नहीं हो पाए हैं। ऐसे में इस अभियान से यह उम्मीद जगी है कि वर्तमान नगर परिषद इस दिशा में गंभीरता से काम करेगी।यह अभियान न केवल स्वच्छता को बढ़ावा देगा, बल्कि नगर की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएगा। क्या बोले जिम्मेदार अधिकारी– “कुंड, मठ और मंदिरों की सफाई को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। नगर पालिका लगातार मॉनिटरिंग करेगी और गंदगी पाए जाने पर दोषी कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। — वीरेंद्र तिवारी, सीएमओ, नगर पालिका मुलताई

