गेहूं का एमएसपी 3000 रूपये प्रति क्विंटल किए जाने की मांग,किसान संघर्ष समिति ने सौंपा ज्ञापन


मुलताई -किसान संघर्ष समिति की जिला कार्यकारिणी की बैठक समिति कार्यालय,  में किसान संघर्ष समिति के अध्यक्ष पूर्व विधायक डॉ सुनीलम की अध्यक्षता में संपन्न हुई। जिसमें जिला कार्यकारिणी के  पदाधिकारी एवं क्षेत्र के किसान शामिल हुए। बैठक में किसानों की विभिन्न समस्याओं के समाधान के लिए  जिलाधीश के नाम प्रभारी एसडीएम सुधीर चौधरी को ज्ञापन सौंपा गया।


जिलाधीश की ओर भेजे गए ज्ञापन में कहा गया कि सरकार द्वारा अटल ज्योति योजना के तहत 24 घंटे घरेलू बिजली प्रदाय करने की घोषणा की गई है लेकिन किसान संघर्ष समिति के पदाधिकारियों द्वारा बताया गया कि 15 घंटे भी बिजली नही मिल रही है, जिसके चलते पेयजल की समस्या बढ़ गई है। अतः 24 घंटे बिजली प्रदाय की जाए।
इसी तरह सिंचाई हेतु 10 घंटे बिजली देने की घोषणा की गई है लेकिन 6 घंटे से अधिक बिजली मुलतापी क्षेत्र के किसी भी किसान को उपलब्ध नही हो रही है। अतः सिंचाई हेतु सतत 10 घंटे बिजली उप्लब्ध कराई जाए।
मुख्यमंत्री द्वारा बार बार घोषणा की जा रही है कि किसानों को वर्ष 2020 की फ़सल बीमा राशि का भुगतान किया गया है लेकिन जौलखेड़ा, डिवटिया, आमा बघोली, कान्हा बघोली, सर्रा आदि गाँवों के किसानों को तीन माह बीतने के बाद भी फ़सल बीमा की राशि प्रदान नही की गई है|
सरकार द्वारा कोरोना काल में किसानों के सभी तरह के कर्जों पर ब्याज माफ़ी की घोषणा मुख्यमंत्री द्वारा की गई थी लेकिन किसानों से ब्याज सहित वसूली की जा रही है। अतः ब्याज माफ किया जाए। गेहूं का समर्थन मूल्य 2015 रूपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है जबकि बाजार में गेहूं 2400 रूपये प्रति क्विंटल (बिना ग्रेडिंग के) बिक रहा है। अतः बढ़ती महंगाई को देखते हुए 3000 रूपये प्रति क्विंटल गेहूं का एमएसपी तय किया जाए। साईंखेड़ा ग्राम में तुरंत डीएपी, यूरिया, पोटाश खाद उपलब्ध कराया जाए। पीने के पानी के संकट की खबरे लगातार मिल रही है। ग्राम परमंडल में सप्ताह में 1 बार पीने का पानी उपलब्ध हो रहा है। सभी जल संकटग्रस्त क्षेत्रों में पेयजल उप्लब्ध कराया जाए। क्षेत्र के किसानों से यह भी शिकायत प्राप्त हुई है कि दुग्ध डेयरी पर टेस्टर द्वारा डिग्री और फैट को नापने में तमाम अनियमितताएं की जा रही है, जिसके चलते दुग्ध उत्पादक किसानों को दूध का लगभग 20 रूपये प्रति लीटर भाव मिल रहा है जबकि खली का रेट 40 रूपये प्रति किलो हो गया है । वहीं मुलताई के नागरिक 50 -60 रूपये प्रति लीटर दूध खरीद रहे है।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि मुख्यमंत्री के बेटे की डेयरी का दूध 70 प्रति लीटर बिक रहा है और प्रदेश के किसानों का दूध 20 रूपये लीटर। ज्ञापन के माध्यम से सभी दुग्ध खरीदी केंद्रों में माप यंत्रों की जांच कर किसानों को कम से कम 60 रूपये प्रति लीटर तक किए जाए।  चंदोरा बांध के कमान्ड क्षेत्र में आने वाले अनेक किसानों को नहर से पानी प्राप्त नहीं हो पा रहा है। कमान्ड क्षेत्र में आने -सिंचित रकबा दिखाए जाने के कारण कपिलधारा कूप निर्माण योजनांतर्गत कूप खनन की भी अनुमति नहीं दी जा रही है। अतः जरूरतमंद किसानों को कपिलधारा कूप निर्माण योजना का लाभ दिया जाए। बैठक में किसान संघर्ष समिति की उपाध्यक्ष एड आराधना भार्गव, जिलाध्यक्ष जगदीश दोड़के, तहसील अध्यक्ष कृपालसिंह सिसोदिया प्रवक्ता भागवत परिहार, श्रीकांत वैश्णव, डखरू महाजन, भूरेंद्र माकोड़े, तीरथ सिंह बलिहार, शेषराव बोबड़े, लक्ष्मण परिहार, लक्ष्मण पाटनकर, मिलिंद खातरकर, हेमराज देशमुख, रमेश सोनी, गुड्डू सूर्यवंशी, लल्लु कोड़ले,सुखसिंह सिसोदिया, लक्ष्मण बिनझाड़ेआदि उपस्थित रहे।


LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here